जैसलमेर. धरातल पर कैसे भी हालात हो…चाहे वह नदी हो या नाला…भारतीय सेना के जवानों के बढ़ते कदम कतई नहीं थमेंगे। भारतीय सेना की दक्षिणी कमान के स्ट्राइक सैपर्स ने थार मरुस्थलीय भूभाग में अपने इंजीनियरिंग कौशल का प्रदर्शन किया। इस दौरान बताया गया कि अगर युद्ध मैदान में रेत के ऊंचे टीले आ जाए या नदी, उस पर से आगे बढऩे के लिए मिनटों में पुल तैयार कर दिया जाएगा। ऐसे ही सेना के हेलिकॉप्टर्स को उतरने के लिए मनचाहे स्थान पर हेलीपैड की व्यवस्था करने का भी प्रदर्शन हुआ। सेना की इंजीनियरिंग विंग के कुशल इंजीनियर्स ने कितने भी विकट हालात में सैनिकों के आगे बढ़ते जाने के मिशन को पूरा कर दिखाया।