पंजाब के अमृतसर में काउंटर इंटेलिजेंस ने एक अभियान चलाते हुए मध्य प्रदेश से संचालित अवैध हथियार सप्लाई चेन को ध्वस्त कर दिया है। यह कार्रवाई उस समय की गई, जब इन हथियारों का उपयोग पंजाब क्षेत्र में एक योजनाबद्ध टारगेट किलिंग को अंजाम देने के लिए किया जाना था। अधिकारियों के अनुसार, यह इंटर-गैंग प्रतिद्वंद्विता और क्षेत्र में बढ़ रही गैंगवार की कड़ी से जुड़ी हुई थी। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक ऑपरेटिव को गिरफ्तार किया और उसके कब्जे से कुल नौ अवैध पिस्तौल बरामद कीं। बरामद हथियारों में सात .32 बोर पिस्तौल-मैगजीन और पांच जिंदा कारतूस सहित तथा दो .30 बोर पिस्तौल मैगजीन के साथ शामिल हैं। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि आरोपित पिछले कुछ समय से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से मध्य प्रदेश के अवैध हथियार आपूर्तिकर्ताओं के संपर्क में था और पंजाब में सक्रिय अपराधियों को हथियार उपलब्ध कराने में भूमिका निभा रहा था। समय रहते टारगेटेड किलिंग रोकी DGP पंजाब ने जानकारी देते हुए कहा यह नेटवर्क पंजाब में बढ़ती आपराधिक गतिविधियों को समर्थन देने वाला एक संगठित मॉड्यूल था, जो डिजिटल माध्यमों का उपयोग कर अवैध हथियारों की सप्लाई करता था। गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ के माध्यम से यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि इस तस्करी चेन का संचालन कौन कर रहा था। हथियारों की आपूर्ति किन-किन गैंग तक होती थी और फंडिंग किन स्रोतों से की जा रही थी। DGP ने कहा कि यह कार्रवाई पंजाब में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में बड़ी सफलता है, क्योंकि समय रहते इस टारगेटेड किलिंग को रोका जा सका। पुलिस अब इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश में छापेमारी कर रही है और उम्मीद है कि जल्द ही पूरे मॉड्यूल को उखाड़ फेंकने में सफलता मिलेगी।