हरियाणा पुलिस ने पंजाब समेत कई राज्यों में इमिग्रेशन ऑफिसों पर लगातार छापेमारी अभियान चलाकर एक बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने विदेश भेजने के नाम पर लाखों रुपए की ठगी करने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक महिला भी शामिल है। जिन्हें लेकर आज पुलिस अमृतसर पहुंची। पुलिस के अनुसार इस पूरे नेटवर्क का मास्टरमाइंड साहिल है, जिसे जयपुर (राजस्थान) से गिरफ्तार किया गया। आरोपी ने तीन अलग-अलग नामों से पासपोर्ट बनवाए हुए थे। इसने अलग-अलग नामों से जालंधर, अमृतसर और जीरकपुर में ठगी की थी। मास्टरमाइंड पर अब तक 21 FIR जांच में सामने आया कि साहिल के खिलाफ अब तक 13 एफआईआर यमुनानगर (हरियाणा) में, 6 एफआईआर जालंधर और 2 एफआईआर फिरोजपुर में दर्ज हैं। ठगी का शिकार हुआ था शिकायतकर्ता इस पूरे मामले की शुरुआत शिकायतकर्ता शिवचरण की शिकायत से हुई। उसने पुलिस को बताया कि इमिग्रेशन एजेंट प्रदीप नामक व्यक्ति ने उसे ऑस्ट्रेलिया भेजने के नाम पर 14 लाख रुपए लिए थे, लेकिन पैसे लेने के बाद न तो वीजा मिला और न ही विदेश भेजा गया। पुलिस जांच में पता चला कि यह एजेंट जालंधर में प्रदीप के नाम से रह रहा था, जबकि उसके खिलाफ पहले से ही करीब छह मुकदमे दर्ज हैं। सोना और नकदी बरामद हरियाणा पुलिस के एएसआई दीपक कुमार ने बताया कि अब तक पकड़े गए आरोपियों के कब्जे से 874 ग्राम सोना और 26 लाख 50 हजार रुपए नकद बरामद किए गए हैं। पुलिस का कहना है कि इस गिरोह के विदेशी ठगी नेटवर्क से जुड़े और भी लोगों की पहचान की जा रही है। आने वाले दिनों में अधिक गिरफ्तारियों की संभावना जताई जा रही है। हरियाणा पुलिस की कार्रवाई पूरे पंजाब में जारी सूत्रों के मुताबिक, हरियाणा पुलिस की टीमें अमृतसर, जालंधर, लुधियाना और पटियाला समेत कई जिलों में इमिग्रेशन दफ्तरों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस के अनुसार, ऐसे फर्जी इमिग्रेशन एजेंट पंजाब- हरियाणा के युवाओं को विदेश भेजने का झांसा देकर लाखों की ठगी कर रहे थे। हरियाणा पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी एजेंट को पैसे देने से पहले उसका लाइसेंस और वैध रजिस्ट्रेशन नंबर जरूर जांचें, ताकि इस तरह की ठगी से बचा जा सके।