चित्तौड़गढ़ के रहने वाले सेना के जवान जितेन्द्र सिंह चौहान (41) का असम में ड्यूटी के दौरान निधन हो गया। जितेन्द्र सिंह 629 साटा बैटरी यूनिट में आरटी हवलदार के पद पर तैनात थे। 25 दिन बाद उनका प्रमोशन होने वाला था। ड्यूटी के दौरान ऑक्सीजन का स्तर कम होने के बाद हार्ट अटैक आने की जानकारी परिवार को दी गई है। जवान का पार्थिव शरीर को गुरुवार को पैतृक गांव गंगरार क्षेत्र का सूरत सिंह जी का खेड़ा लाए जाने की संभावना है। ड्यूटी के दौरान आया हार्ट अटैक गंगरार एसडीएम नेहा मिश्रा ने बताया – परिवार को सेना की तरफ से जवान के निधन की मौखिक सूचना दी गई है। परिजनों को बताया गया कि ड्यूटी के दौरान ऑक्सीजन का स्तर कम होने के बाद जितेन्द्र सिंह को हार्ट अटैक आया था। गुरुवार सुबह करीब 10 बजे असम में पोस्टमॉर्टम के बाद सेना की जरूरी औपचारिकताएं पूरी की जाएंगी और पार्थिव शरीर राजस्थान रवाना किया जाएगा। पार्थिव शरीर एयर एम्बुलेंस से लाया जा सकता है। इसके बाद नसीराबाद छावनी की टीम पार्थिव शरीर को लेकर पैतृक गांव पहुंचेगी। गुरुवार शाम तक पार्थिव शरीर गांव पहुंचने की संभावना है। सेना की ओर से पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा। हालांकि अभी तक सेना या सैनिक कल्याण विभाग की ओर से प्रशासन को कोई आधिकारिक सूचना नहीं मिली है। जून 2004 में जॉइन की थी सेना जानकारी के अनुसार, जितेन्द्र सिंह ने जून 2004 में भारतीय सेना जॉइन की थी। उन्होंने करीब 22 साल 4 महीने तक देश के अलग-अलग हिस्सों में सेवाएं दीं। 1 नवंबर को उनका प्रमोशन होने वाला था। वे हवलदार से नायब सूबेदार बनने वाले थे। गांव के लोगों के अनुसार, छुट्टी पर घर आने पर वे युवाओं को सेना में भर्ती होकर देश सेवा करने के लिए प्रेरित करते थे। परिवार में माता-पिता, पत्नी और दो बेटियां जितेन्द्र सिंह के परिवार में माता-पिता, पत्नी और 2 बेटियां है। बड़ी बेटी कीर्तिराज और छोटी बेटी सौम्या (1) साल की है। छोटा भाई ललित सिंह राजस्थान पुलिस में है।
