पठानकोट जिले के भोआ विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आते गांव खियाला को जोड़ने वाली मुख्य सड़क की बदहाली अब एक बड़ा राजनीतिक और सार्वजनिक मुद्दा बन चुकी है। सड़क जगह-जगह से पूरी तरह टूट चुकी है और गहरे गड्ढों में तब्दील हो गई है, जिससे ग्रामीणों को रोजाना भारी दिक्कतों का सामना करते हुए यहां से गुजरना पड़ रहा है। करीब 9 महीने पहले उद्घाटन होने के बावजूद काम अधर में लटके होने से स्थानीय लोगों में सरकार और संबंधित विभाग के खिलाफ गहरा रोष है। वहीं इस मामले को लेकर कांग्रेस ने भी प्रदेश सरकार को घेरा है। सड़क किनारे लगा अनोखा बोर्ड बना चर्चा का विषय सड़क का निर्माण कार्य पूरा न होने से नाराज स्थानीय लोगों ने प्रशासन और सरकार का ध्यान खींचने के लिए सड़क किनारे एक अनोखा बोर्ड लगाया है, जो क्षेत्र में खूब चर्चा बटोर रहा है। बोर्ड पर लिखा संदेश: बोर्ड पर लिखा गया है, “यह सड़क माननीय मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने अभी तक नहीं बनवाई है।” जनता का सवाल: ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार विभाग और सरकार को इस समस्या से अवगत कराया, लेकिन स्थिति जस की तस बनी हुई है। लोगों का पूछना है कि जब 9 महीने पहले सड़क का उद्घाटन हो चुका था, तो इतने लंबे समय बाद भी निर्माण कार्य पूरा क्यों नहीं हुआ और इस देरी के लिए आखिरकार कौन जिम्मेदार है? विकास के दावे केवल कागजों और नींव पत्थरों तक सीमित – कांग्रेस इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस पार्टी ने पंजाब सरकार और स्थानीय कैबिनेट मंत्री लालचंद कटारूचक पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता टीना चौधरी ने सरकार को घेरते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार बड़े-बड़े विकास के दावे करती है, लेकिन धरातल पर सच्चाई इसके बिल्कुल उलट है। उन्होंने कहा कि सरकार केवल सड़कों के उद्घाटन करने और नींव पत्थर रखने तक सीमित रह गई है, जबकि जमीन पर काम सालों-साल अधूरे पड़े रहते हैं। खियाला गांव की सड़क इस बात का प्रत्यक्ष प्रमाण है कि जनता को केवल वादों में उलझाकर रखा जा रहा है।
