स्वतंत्रता दिवस से पहले भारत-पाकिस्तान बॉर्डर से सटे श्रीगंगानगर में सीमा सुरक्षा बल (BSF) के कैंप की दीवार फांदकर घुसे पाकिस्तानी जासूस को पकड़ा है। बीएसएफ की 163वीं बटालियन के कैंप में आरोपी बिना परमिशन घुसा था। आरोपी के पास मिले मोबाइल से पाकिस्तानी नंबरों के मैसेज और कॉल डिटेल्स भी मिली है। आरोपी लगातार इन नंबरों पर संपर्क कर रहा था। BSF की रिपोर्ट पर रायसिंहनगर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। सुरक्षा एजेंसी भी हाई अलर्ट पर हैं और आरोपी से JIC में पूछताछ करेगी। दीवार फांदकर घुसा, पकड़ा गया
BSF ने पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया- 9 अगस्त 2026 को शाम करीब 6:05 बजे आरोपी सुभाष चंदर पुत्र गोविंद राम निवासी गांव 02 एफएफ (श्रीगंगानगर) ने BSF कैंप परिसर में दीवार फांदकर घुसा, जिसे BSF जवानों ने मौके पर ही पकड़ लिया। BSF ने 10 अगस्त को आरोपी की रायसिंहनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मेडिकल जांच करवाई और रायसिंहनगर थाने ले जाकर पुलिस को सौंप दिया। पाकिस्तानी हैंडलर्स को डिटेल्स भेजने की आशंका
बीएसएफ टीम द्वारा प्रारंभिक पूछताछ और उसके मोबाइल की कॉल डिटेल्स की जांच में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। कॉल रिकॉर्ड में कंट्री कोड पाकिस्तान (92) वाले मोबाइल नंबरों से संपर्क का खुलासा हुआ है। आरोपी ने इन पाकिस्तानी नंबरों पर कई बार कॉल और मैसेज किए हैं। आर्मी इंटेलिजेंस के सूत्रों ने बताया- आरोपी संभवतया बीएसएफ के कैंप में घुसकर सेना की जानकारियां और तस्वीरें पाकिस्तान को भेजने की कोशिश कर रहा था, लेकिन बीएसएफ की मुस्तैदी से पकड़ा गया। बॉर्डर पर सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट
इंटेलिजेंस का मानना है कि स्वतंत्रता दिवस नजदीक है। श्रीगंगानगर जिला भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय बॉर्डर से सटा होने के कारण ऐसी गतिविधियां बढ़ जाती है। हालांकि, पाक की नापाक कोशिश का जवाब देने के लिए सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हैं। बीएसएफ कैंप जैसे संवेदनशील इलाके में घुसपैठ और सीमापार नंबरों से संपर्क के आरोप ने सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क कर दिया है। ये खबर भी पढ़िए… जैसलमेर में बॉर्डर से पकड़ा गया पाकिस्तानी जासूस:ISI को भेज रहा था सेना से जुड़ी सूचनाएं; ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भी दी थी जानकारियां राजस्थान की सीआईडी इंटेलिजेंस ने जैसलमेर में बॉर्डर से पाकिस्तानी जासूस हनीफ खान को गिरफ्तार किया है। हनीफ खान पैसों के लालच में पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई को भारतीय सेना से जुड़ी गोपनीय सूचनाएं भेज रहा था। (पूरी खबर पढ़ें)
