TDS Refund: ITR-1 और ITR-2 फॉर्म के जरिए रिटर्न भरने वाले जिन लोगों ने 31 जुलाई की डेडलाइन से पहले ITR दाखिल नहीं किया, वे अब भी अपना टैक्स रिफंड प्राप्त कर सकते हैं। इनकम टैक्स कानून के तहत निर्धारित समय के भीतर बिलेटेड रिटर्न दाखिल करने की सुविधा उपलब्ध होती है। यदि किसी टैक्सपेयर से टीडीएस, एडवांस टैक्स या सेल्फ असेसमेंट टैक्स के रूप में जरूरत से अधिक टैक्स जमा हो गया है, तो वैध ITR दाखिल करने पर उसका रिफंड मिल सकता है। हालांकि, समय सीमा के बाद रिटर्न दाखिल करने पर लेट फीस और अन्य शुल्क लागू होंगे, जिनका पालन करना जरूरी है।