राजपाल हरिभाऊ किशनराव बागडे गुरुवार देर शाम को देवल में स्थित गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक कॉलेज पहुंचे। यहां नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने नशे के नुकसान बताए ओर युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया। राजपाल हरिभाऊ किशनराव बागडे ने कहा कि भारत पराक्रमी है। यहां कई वीर योद्धा पैदा हुए, लेकिन हमारे यहां इन वीर योद्धाओं का पाठ नहीं पढ़ाया जाता, उनकी जगह अंग्रेज, मुग़लों और औरंगजेब का पाठ पढ़ाया जाता था। इसका मकसद हमारे योद्धाओं की वीर गाथा की छुपाना था। उसी तरह नशे से देश के युवाओं की ताकत को खत्म करने का प्रयास किया जा रहा है। पड़ोसी देश यहां पैसा कमाने के लिए नशा नहीं भेजते है। ये नशा भारत देश के ताकतवर युवाओं को कमजोर करने का प्रयास है। नशे से न केवल शारीरिक बल्कि मानसिक कर सामाजिक ताकत और प्रतिष्ठा भी खत्म होती है। इसलिए आज से ही नशे को ना कहे ओर कसम खाएं कि अब नशा नहीं करेंगे। राज्यपाल ने कहा कि नशे को खत्म करने के लिए सबसे पहला प्रयास सरकार ओर उसके कर्मचारियों को करना होगा। अधिकारी से लेकर कर्मचारी ये शपथ ले की वे न तो नशा करेंगे ओर न करने देंगे। अगर वे खुद नशा करेंगे तो फिर रोकेंगे कैसे। इसलिए शुरुआत खुद से करे। उन्होंने कहा पुलिस तो नशा करती ही नहीं है, लेकिन दूसरे नशे से दूर रहे। उन्होंने घर, गांव, समाज ओर जिले को नशा मुक्त बनाने के लिए प्रेरित किया। राज्यपाल ने सबसे पहले सरकार की योजनाओं के बारे में लोगों से पूछा। राज्यपाल ने कहा किसानों को हर साल 6 से 8 हजार रुपए किसान सम्मान के मिल रहे है या नहीं। आवास योजना, शौचालय मिला या नहीं। राशन मिलता है या नहीं। लोगों को आयुष्मान कार्ड समेत सरकार की योजनाएं गिनाते हुए उनका लाभ उठाने की भी अपील की। उन्होंने कहा कि आदिवासी क्षेत्र में कई गरीब लोग रहते हैं। इलाज के लिए ब्याज पर पैसा लाते हैं, बकरियां गिरवी रखते हैं और डॉक्टर को जाकर देते हैं, लेकिन सरकार के आयुष्मान कार्ड से 25 लाख रुपए तक का इलाज मुफ्त ने होता है। राज्यपाल ने मौजूद लोगों को नशे से दूर रहने की शपथ भी दिलाई। इस दौरान युवाओं, महिलाओं, स्वयंसेवी संस्थाओं ने नशा मुक्ति को लेकर किए गए प्रयासों के बारे में जानकारी दी। उदयपुर संभागीय आयुक्त प्रज्ञा केवलरामानी, कलेक्टर देशलदान समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।