गुरदासपुर जिले में आज हुए नगर परिषद चुनावों के अधिकांश नतीजे घोषित कर दिए गए हैं। हालांकि दीनानगर की एक वार्ड का परिणाम अभी घोषित नहीं किया गया है। सामने आए नतीजों में अलग-अलग नगर परिषदों में अलग राजनीतिक तस्वीर देखने को मिली है। नगर परिषद गुरदासपुर में कांग्रेस ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सबसे अधिक सीटों पर जीत दर्ज की है। कुल 29 वार्डों में से कांग्रेस ने 21 सीटें हासिल की हैं। इसके अलावा सत्ताधारी पार्टी 7 सीटों पर जीत दर्ज करने में सफल रही, जबकि वार्ड नंबर 4 से एक निर्दलीय उम्मीदवार विजेता रहा।
दीनानगर में कांग्रेस 6, आप की 6 सीटें
नगर परिषद दीनानगर में कुल 15 वार्डों में से 14 वार्डों के नतीजे घोषित किए गए हैं। अब तक घोषित परिणामों के अनुसार कांग्रेस ने 7 सीटें, आम आदमी पार्टी ने 6 सीटें और भारतीय जनता पार्टी ने 1 सीट हासिल की है। वहीं शिरोमणि अकाली दल अपना खाता नहीं खोल सका। इसके अलावा वार्ड 6 में ईवीएम में खराबी के चलते नतीजा घोषित नहीं किया जा सका। कादियां में शिअद का कब्जा
वहीं नगर परिषद कादियां में शिरोमणि अकाली दल सबसे आगे रहा। कुल 15 वार्डों में से अकाली दल ने 6 सीटें, कांग्रेस ने 4 सीटें, निर्दलीय उम्मीदवारों ने 2 सीटें, सत्ताधारी पार्टी ने 2 सीटें और भारतीय जनता पार्टी ने 1 सीट हासिल की। दीनानगर में मशीन खराब
दीनानगर के वार्ड नंबर 6 में ईवीएम में तकनीकी खराबी आने के कारण परिणाम घोषित नहीं किया जा सका। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में इस वार्ड में दोबारा मतदान कराया जा सकता है। हालांकि प्रशासन की ओर से अभी तक इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। चुनाव मैदान में थे 235 उम्मीदवार
बता दें नगर कौंसिल गुरदासपुर, नगर कौंसिल दीनानगर और नगर कौंसिल कादियां में 235 उम्मीदवार चुनाव मैदान में थे। इसमें 120 गुरदासपुर, 62 दीनानगर और 53 कादियां के उम्मीदवार थे। तीनों नगर कौंसिलों पर 109 पोलिंग बूथ बनाए गए थे। तीनों नगर कौंसिलों में शांतिपूर्ण चुनाव करवाने के लिए 2500 के करीब पुलिस कर्मी तैनात किए गए थे। कादियां के वार्डों 6 में नहीं होते हैं चुनाव
नगर कौंसिल कादियां के अधीन आते वार्ड 6 में अहमदिया जमात के लोग रहते हैं। इस वार्ड पर बिना चुनाव के हर बार अहमदिया समुदाय की तरफ से खुद नुमाइंदा चुना जाता है। पिछले बार इस वार्ड के पार्षद रहे अब्दुल वासे ने बताया कि इस बार उनका वार्ड 6 महिला आरक्षित है।
इस बार उनके वार्ड की पार्षद महिला समुदाय से होगी। बाकी वार्डों के चुनाव परिणाम आने के बाद जमात की ओर से शहर और समाज की बेहतरी को ध्यान में रखते हुए अधिक बहुमत हासिल करने वाली पार्टी का समर्थन दिया जाएगा।