दी जैसलमेर सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक ने लोन दबाकर बैठे डिफॉल्टरों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। बैंक प्रबंधन ने एलान किया है कि लंबे समय से कर्ज का पैसा नहीं चुकाने वाले लोगों के नाम और फोटो अब सार्वजनिक स्थानों पर बड़े-बड़े विज्ञापन बोर्ड लगाकर प्रदर्शित किए जाएंगे। बैंक के प्रबंध निदेशक (MD) ओमपाल सिंह ने बताया कि किसान सम्बल, किसान कल्याण, अल्पकालिक और गैर-कृषि लोन के बकायादारों की सूची तैयार की जा रही है। इसका मुख्य उद्देश्य डूबे हुए पैसे की वसूली तेज करना है। सख्त कदम उठाते हुए बैंक अगले चरण में लोन लेने वालों के साथ-साथ उनकी गारंटी लेने वाले जमानतदारों के नाम भी चौराहों पर टांगेगा। बैंक ने सभी बकायादारों से अपील की है कि वे सामाजिक बदनामी से बचने के लिए तुरंत अपना कर्ज जमा करवाएं। बैंक ने सख्त रुख अपनाया दी जैसलमेर सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक ने एलान किया है कि लंबे समय से कर्ज का पैसा दबाकर बैठे लोगों के नाम अब सबके सामने लाए जाएंगे। बैंक के प्रबंध निदेशक (MD) ओमपाल सिंह ने बताया कि बैंक से अल्पकालिक लोन, किसान सम्बल योजना, किसान कल्याण योजना और बिना-खेती वाले (गैर-कृषि) लोन लेने वाले जिन लोगों ने पैसा वापस नहीं किया है, उनकी सूची तैयार की जा रही है। बैंक का मकसद डूबा हुआ पैसा वापस निकालना और बैंकिंग व्यवस्था को ठीक करना है। जमानत देने वाले भी नहीं बचेंगे बैंक प्रशासन के मुताबिक, कार्रवाई के दूसरे फेज में लोन लेने वालों के साथ-साथ उनकी गारंटी लेने वाले (जमानतदारों) के नाम भी उजागर किए जाएंगे। इसके लिए शहर के मुख्य सार्वजनिक स्थानों पर बड़े-बड़े बोर्ड लगाकर डिफॉल्टरों के नाम और फोटो टांगे जाएंगे। बैंक ने सभी बकायादारों को आखिरी मौका देते हुए कहा है कि बदनामी से बचने के लिए वे तुरंत अपना लोन जमा करवा दें।