जालंधर जिले के नकोदर (नूरमहल) में विभिन्न संगठनों ने सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल नूरमहल को शुरू करने की मांग को लेकर मंगलवार को जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) के कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की। जिला शिक्षा अधिकारी गुरपिंदरजीत कौर ने फोन पर बातचीत में आश्वासन दिया कि शिक्षकों की नियुक्ति कर जल्द ही कक्षाएं शुरू करने का प्रयास किया जाएगा। मौके पर मौजूद उप-जिला शिक्षा अधिकारी को एक ज्ञापन भी सौंपा गया। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि, इससे पहले 21 जनवरी 2026 को जब वे जिला शिक्षा अधिकारी से मिले थे, तब उन्हें स्कूल भवन का निरीक्षण करने, स्कूल निर्माण पर 100 करोड़ रुपए का अनुदान खर्च करने और 1 अप्रैल से कक्षाएं शुरू करने का आश्वासन दिया गया था। हालांकि, अप्रैल का पहला सप्ताह बीत जाने के बाद भी विभाग ने स्कूल खोलने के लिए कोई कार्रवाई नहीं की है। प्रदर्शनकारी बोले- नूरमहल में सरकारी स्कूलों की कमी प्रदर्शनकारियों ने कहा कि, नूरमहल शहर में सरकारी शिक्षण संस्थानों की कमी के कारण गरीब परिवारों के बच्चों को निजी स्कूलों में शिक्षा प्राप्त करने में कठिनाई हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार और संबंधित विभाग इस मामले में गहरी नींद में हैं। नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि स्कूल जल्द शुरू नहीं किया गया, तो इसके खिलाफ एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा। यह लोग रहे प्रदर्शनकारियों में शामिल प्रदर्शनकारियों में ग्रामीण मजदूर संघ के जिला अध्यक्ष हंस राज पबवान, पंजाब छात्र संघ की जिला अध्यक्ष रमनदीप कौर, समाज सेवक और बालकृष्ण बाली, देश भगत यादगार कमेटी की वरिष्ठ ट्रस्टी बहन सुरिंदर कुमारी कोचर, नौजवान भारत सभा के जिला अध्यक्ष मंगलजीत पंडोरी, भारतीय किसान यूनियन दोआबा के नेता रचपाल सिंह, शिरोमणि रंगरेटा दल के अध्यक्ष भारत गियारण निहंग सिंह, बलवीर सिंह चीमा, शिरोमणि रंगरेटा दल के युवा नेता जसपिंदर सिंह चीमा और वरिष्ठ उपाध्यक्ष राजेश थापा सहित कई अन्य नेता उपस्थित थे।
