सीकर में डॉ. रूमा देवी ने कहा- भारत की महिलाओं में सबसे ज्यादा इच्छाशक्ति है। आत्मनिर्भरता ही सच्चे सशक्तिकरण की पहली सीढ़ी है। महिलाओं को अपना हुनर पहचानने, उसे व्यवसाय के रूप में विकसित करने और बाजार से जोड़ने की जरूरत है। भारत की बेटियां किसी काम में पूरे मन से जुट जाएं तो पूरी दुनिया झुक जाती है। राष्ट्रपति अवार्डी व हार्वर्ड यूनिवर्सिटी की स्पीकर डॉ. रूमा देवी शुक्रवार को सीकर पहुंचीं। इस दौरान रूमा देवी ने यह कहा। राजस्थान ग्रामीण आजीविका विकास परिषद की ब्रांड एंबेसडर डॉ. रूमा देवी ने राजीविका व रूमा देवी फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में “रूमा देवी संग महिला सशक्तिकरण जिला स्तरीय संवाद” कार्यक्रम में शिरकत की। राजीविका मिशन में राजस्थान में टाॅप पर सीकर
अर्बन हाट मेला स्थल में हुए कार्यक्रम में जिले की विभिन्न स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं से संवाद करते हुए ब्रांड एंबेसडर डॉ. रूमा देवी ने कहा- सीकर में हर गांव से बहनें आई हैं। इसी वजह से सीकर राजीविका मिशन में पूरे राजस्थान में टाॅप पर है। सीकर में महिलाओं के सबसे ज्यादा स्वयं सहायता समूह हैं। इसके बाद स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं व युवतियों ने ग्रामीण क्षेत्र के प्रोडक्ट्स को बाजार में रखने में आ रहीं समस्याओं के बारे में बताया। सीकर जिले में हो रहे विभिन्न इनिशिएटिव के बारे में बताया
कार्यक्रम में जिलेभर से सैकड़ों महिलाएं, स्वयं सहायता समूह सदस्य और राजीविका की कार्यकर्त्ता मौजूद रहीं। राजीविका डीपीएम डॉ. अर्चना मौर्य ने सीकर जिले में हो रहे विभिन्न इनिशिएटिव के बारे में बताया। महिला उद्यमियों ने देशी प्रोडक्ट्स के स्टाल लगाए। राजीविका ब्रांड एंबेसेडर डॉ. रुमा देवी, एडीएम रतन कुमार, सीईओ राजपाल सिंह यादव, भाजपा जिलाध्यक्ष मनोज बाटड़ और जिपस इंदिरा गठाला ने स्टाल्स का निरीक्षण किया। डाॅ. दीपिका चौधरी और पूजा चौधरी ने डाॅ. रूमा देवी को करमा बाई का मोमेंटो भेंट किया। डॉ. रूमा देवी सहित फाउंडेशन की टीम ने गांवों के देशी प्रोडक्ट्स को राष्ट्रीय व अंतर्राष्ट्रीय बाजार से जोड़ने के आसान तरीकों के बारे में बताया।
