बांसवाड़ा में सरकारी टीचर ने व्यापारियों से 1.40 करोड़ रुपए की फिरौती मांगी। व्यापारियों की शिकायत पर पुलिस ने 300 सीसीटीवी कैमरे खंगालकर आरोपी टीचर को उसके गांव से गिरफ्तार कर लिया। दरअसल ग्रेड सेकंड सरकारी टीचर विकेश कुमार ऑनलाइन गेमिंग के चलते कर्ज में डूब गया था। गेम छोड़ने के बाद भी कर्ज नहीं उतरा तो उसने दो व्यापारियों की रेकी की एक व्यापारी से 90 लाख और दूसरे से 50 लाख रुपए फिरौती मांगी। 3 अप्रैल और अप्रैल को पैसे देने के लिए कहा था। रुपए नहीं देने पर परिवार को जान से मारने की धमकी दी थी। कर्ज चुकाने के लिए आरोपी ने अपने नाम से और सरकारी टीचर पत्नी के नाम से लोन लिए। इसके बावजूद कर्ज नहीं उतर सका। । इसके बाद कर्ज से उबरने के लिए उसने खुद को फर्जी गैंगस्टर बताकर फिरौती मांगने की साजिश रची। मामला राजतालाब थाना क्षेत्र का है। SP ने पूरे सोमवार को मामले का खुलासा किया। गांव टिम्बा महुडी निवासी ग्रेड सेकंड टीचर विकेश कुमार ने व्यापारियों को 30 मार्च को धमकी दी थी। सरकारी टीचर निकला फर्जी गैंगस्टर
SP सुधीर जोशी ने बताया – शहर के दो व्यापारियों को धमकी भरे पत्र भेजकर खुद को बड़ा गैंगस्टर बताने और 1.40 करोड़ रुपए की फिरौती मांगने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी विकेश कुमार ग्रेड सेकंड सरकारी टीचर है और राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय चुडाडा (बांसवाड़ा) में पोस्टेड है। आरोपी विकेश ऑनलाइन गेमिंग की लत के चलते कर्ज में डूब गया था। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि उसने गेमिंग में लाखों रुपए गंवा दिए थे। करीब एक साल पहले उसने गेम खेलना छोड़ दिया, लेकिन तब तक उस पर लगभग 80 लाख रुपए का कर्ज हो चुका था। कर्ज चुकाने के लिए उसने अपने नाम से पांच लोन लिए, रिश्तेदारों से गहने लेकर गिरवी रखे और सैलरी से 6 लाख रुपए एडवांस भी उठाया, इसके बावजूद कर्ज नहीं उतर सका। आरोपी की पत्नी भी सरकारी शिक्षक है, जिसके नाम पर करीब 30 लाख रुपए का लोन लिया गया था। इसके बाद कर्ज से उबरने के लिए उसने खुद को फर्जी गैंगस्टर बताकर फिरौती मांगने की साजिश रची। रेकी कर रची फिरौती की पूरी साजिश
एसपी ने बताया- टीचर विकेश ने वारदात से पहले व्यापारियों की रेकी की। उसने एक फार्म हाउस के चौकीदार से गाय खरीदने के बहाने मुलाकात कर सेठ की संपत्ति की जानकारी जुटाई। 30 मार्च को उसने एक व्यापारी की दुकान के शटर के नीचे धमकी भरा पत्र डाला, जबकि दूसरे व्यापारी के कर्मचारी को लिफाफा थमाया। आरोपी ने एक व्यापारी से 90 लाख और दूसरे से 50 लाख रुपए फिरौती मांगी थी। आरोपी ने रकम वसूलने के लिए सुनसान स्थान चुना। उसने भोयण घाटी में पानी की टंकी के पास नीम के पेड़ के नीचे पैसे रखने को कहा था, ताकि आसानी से फरार हो सके। 300 सीसीटीवी और साइबर जांच से हुआ खुलासा एसपी सुधीर जोशी ने बताया- 31 मार्च को व्यापारियों की शिकायत के बाद पुलिस ने शहर के एंट्री और एग्जिट पॉइंट्स पर लगे करीब 300 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। आरोपी के मूवमेंट का रूट मैप तैयार किया। पहचान पुख्ता होने के बाद आरोपी को उसके गांव टिम्बा महुडी (कुशलगढ़) से गिरफ्तार किया गया। — संबंधित ये खबर भी पढ़ें … घर बैठे कमाई का झांसा, राजस्थान में करोड़ों की ठगी:सोशल मीडिया पर रेटिंग का ऑफर मिले तो सावधान, जानिए- फ्रॉड का नया तरीका राजस्थान में ठगी का एक बेहद शातिर और नया ट्रेंड ‘टास्क फ्रॉड’ तेजी से पैर पसार रहा है। नागौर की मेड़ता सिटी थाना पुलिस और जिला स्पेशल टीम (DST) ने एक ऐसे ही गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पूरी खबर पढ़िए