अजमेर जिले के पुष्कर मेला मैदान में चल रही श्री हनुमंत कथा के अंतिम दिन बुधवार को बागेश्वर धाम के पं. धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि कोई अभी बनेगा, कोई लेट बनेगा, लेकिन बालाजी का भक्त सेठ बनेगा। जब तक जीना है, राजस्थान आना है। राजस्थान आना तो पुष्कर जरूर आना चाहिए। तीर्थ का राजा व गुरु पुष्कर है और गुरु के बिना कुछ नहीं। गुरु की किसी महात्मा पर कृपा कर दे तो वह परमात्मा बन जाता है। हमें लगता था कि कथा सफल नहीं होगी। इतने व्यवधान आए, लेकिन कथा महासफल हो गई। शास्त्री ने कहा कि पूरी दुनिया में जिसे भी अपने पूर्वज का पता नहीं। सब के पूर्वज ब्रह्मा ही है। वह पुष्कर आ जाए और परमपिता ब्रह्मा को अपना पूर्वज मान ले। यहां आए तो पिंडदान भी जरूर करें। शादी की शॉर्ट वीडियो दिखाई बागेश्वर धाम की ओर से गत दिनों कराई गई शादियों की शॉर्ट वीडियो फिल्म दिखाई गई। इसमें बताया कि बागेश्वर धाम को मिलने वाले दान से बेटियों की शादी की गई और आगे भी ऐसे आयोजन होंगे। भजनों पर झूमे श्रद्धालु बागेश्वर धाम के पं. धीरेंद्र शास्त्री का पहुंचने पर यजमान व भक्तों ने स्वागत किया। कथा की शुरूआत से पहले हनुमान जी की आरती से हुई। इस दौरान जय राधा माधव… सहित कईं भजन पर श्रद्धालु झूम उठे।
