भास्कर संवाददाता | चूरू प्रतिभा नगर स्थित सोती स्मृति भवन में कुमार केशव सेवा प्रन्यास की ओर से चल रही भागवत कथा में कृष्ण जन्मोत्सव का प्रसंग साकार हुआ। भागवत कथा में गुरुवार को नंदोत्सव मनाया जाएगा। साथ ही सुबह प्रतिभा नगर से गढ़ चौराहा होते हुए पुनः कथा स्थल तक प्रभात फेरी का आयोजन किया जाएगा। गुब्बारों से सजे कथा स्थल पर जैसे ही वासुदेव स्वरूप सिर पर टोकरी में रखकर बाल कृष्ण को लेकर पहुंचे, वैसे ही श्रद्धालुओं ने जय कन्हैयालाल की… जय घोष की। भक्तों ने कृष्ण जन्म के भजनों पर नृत्य किया। कथावाचक हरि शरण महाराज ने कन्हैया को गोद में लेकर दुलार किया। इससे पूर्व कथावाचक ने वामन अवतार, भरत चरित्र, जड़ भरत चरित्र, भक्त प्रह्लाद चरित्र, चित्रकेतु प्रसंग, जंबूद्वीप में भारतवर्ष और भारतवर्ष में छह ऋतुओं पर विस्तार से व्याख्यान दिया। कथावाचक ने कहा कि भगवान के नाम अनेक हो सकते हैं, रूप अनेक हो सकते हैं, पर भगवान एक ही हैं। उन्होंने स्वामी रामसुखदास महाराज की बात का जिक्र करते हुए कहा कि बार-बार राम-राम का नाम लेने से कल्याण अवश्य होता है। उन्होंने चूरू में जन्मे और गीता प्रेस गोरखपुर के संस्थापक सेठ जय दयाल गोयनका के योगदान को भी याद किया।
