जालोर में एक पत्नी ने अपने बॉयफ्रेंड के साथ मिलकर पति की हत्या करवा दी। दरअसल, पति-पत्नी की शादी को 15 साल हो चुके थे, लेकिन दोनों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी वजह से ममता पिछले 8-10 महीनों से अपने पीहर में रह रही थी। साजिश के तहत बॉयफ्रेंड ने अपने रिश्तेदार के साथ मिलकर राजेंद्र को मजदूरी दिलाने का झांसा देकर बुलाया। आरोपियों ने पहले उसे शराब पिलाई और फिर एक खेत में ले जाकर लाठी से सिर फोड़कर उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने इस मर्डर केस का 48 घंटे में खुलासा कर दिया। तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस ने मृतक की पत्नी ममता, उसके प्रेमी रमेश कुमार मीणा और साजिश में शामिल अभिषेक मीणा को गिरफ्तार किया है। यह मामला 24 जून का है, जब सरहद मडला क्षेत्र में एक खेत में राजेंद्र कुमार का शव मिला था। 24 जून को सरहद मडला क्षेत्र में मिला था शव पुलिस के अनुसार 24 जून को सरहद मडला क्षेत्र में एक अज्ञात व्यक्ति का शव मिलने की सूचना मिली थी। पहचान के प्रयासों के बाद मृतक की शिनाख्त राजेंद्र कुमार (35) पुत्र स्वर्गीय ओटाराम मीणा निवासी दूधवड़ रोड, रानीगांव, थाना रानी, जिला पाली के रूप में हुई। मृतक की माता सारकी देवी की रिपोर्ट पर 25 जून को हत्या का मामला दर्ज किया गया। इसके बाद जालोर एसपी मोटाराम के निर्देशन और वृत्ताधिकारी दशरथसिंह के सुपरविजन में थानाधिकारी करणसिंह के नेतृत्व में विशेष टीम बनाकर जांच शुरू की गई। एफएसएल, साइबर सेल और सीसीटीवी से आरोपियों तक पहुंची पुलिस एफएसएल और एमओबी टीम ने पुलिस के साथ घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि महिला अपने पति के अंतिम संस्कार में भी नहीं पहुंची थी, जिससे पुलिस को उस पर शक हुआ। इसके बाद पुलिस ने मृतक और उसकी पत्नी के मोबाइल फोन से मिले संदिग्ध नंबरों की कॉल डिटेल, तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की। जालोर पुलिस अधीक्षक मोटाराम के निर्देशन में गठित टीम ने एफएसएल, एमओबी, साइबर सेल और कॉल डिटेल रिकॉर्ड की मदद से जांच को आगे बढ़ाया। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस रमेश कुमार मीणा (37) और अभिषेक मीणा (20) तक पहुंची। दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में दोनों ने हत्या करना स्वीकार कर लिया। साथ ही उन्होंने बताया कि इस हत्या की साजिश में मृतक की पत्नी ममता (34) की मुख्य भूमिका थी। इसके बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई में आहोर थाना पुलिस, भाद्राजून थाना पुलिस और साइबर सेल जालोर की टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। फिलहाल पुलिस मामले में अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है। 8-10 महीनों से पीहर में रह रही थी ममता जालोर एसपी मोटाराम ने बताया कि राजेंद्र का विवाह करीब 15 साल पहले आहोर के गोलिया गांव निवासी ममता से हुआ था। दंपती के दो बेटे और एक बेटी हैं। पिछले 8-10 महीनों से पति-पत्नी के बीच विवाद चल रहा था, जिसके चलते ममता अपने पीहर गोलिया में रह रही थी। इसी दौरान उसकी मुलाकात रमेश कुमार मीणा से हुई और दोनों के बीच प्रेम संबंध हो गए। दोनों शादी करना चाहते थे, लेकिन राजेंद्र उनके रास्ते में बाधा बन रहा था। इसी कारण ममता और रमेश ने मिलकर उसे रास्ते से हटाने की योजना बनाई। मजदूरी का झांसा देकर बाइक पर साथ ले गए योजना के तहत रमेश ने अपने रिश्तेदार अभिषेक मीणा को भी साथ मिला लिया। राजेंद्र की मां सारकी देवी ने बताया कि राजेंद्र अपनी ससुराल गोलियां-चादराई (आहोर) में था। सोमवार को दो युवक रानीगांव पहुंचे और राजेंद्र को मजदूरी दिलाने का झांसा देकर मोटरसाइकिल पर अपने साथ ले गए। इसके बाद राजेंद्र वापस नहीं लौटा। परिजनों ने उसकी काफी तलाश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। राजेंद्र के घर नहीं लौटने पर परिजन तलाश में जुट गए। कोई सुराग नहीं मिलने पर मां सारकी देवी ने रानी थाने में गुमशुदगी दर्ज करवाई। पहले शराब पिलाई, फिर लाठी से सिर और चेहरे पर किए वार पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपियों ने रास्ते में राजेंद्र को कई बार शराब पिलाई। अधिक शराब पिलाने के बाद वह पूरी तरह नशे में हो गया। इसके बाद आरोपी उसे बाइक पर बैठाकर आहोर थाना क्षेत्र के मडला गांव के पास एक खेत में ले गए। वहां आरोपियों ने लाठी उठाकर राजेंद्र के सिर पर जोरदार वार किया, जिससे वह अधमरी हालत में हो गया। इसके बाद भी आरोपियों ने उस पर लगातार लाठियों से हमला किया। जब आरोपियों को लगा कि राजेंद्र की सांसें अभी चल रही हैं, तो उन्होंने उसकी पहचान छिपाने के इरादे से उसके चेहरे पर भी लगातार वार किए, जिससे उसकी मौत हो गई। हमले में उसका चेहरा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हत्या के बाद आरोपी खून से सना शव सरहद मडला क्षेत्र में फेंककर मौके से फरार हो गए। 24 जून को आहोर थाना क्षेत्र के चरली-मंडला मार्ग के पास एक खेत में खून से लथपथ शव मिला। शव का चेहरा इतनी बुरी तरह क्षतिग्रस्त था कि उसकी पहचान करना मुश्किल हो रहा था। बाद में गुमशुदगी की रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मृतक की पहचान राजेंद्र कुमार के रूप में हुई। मामले में मृतक की मां ने उसकी पत्नी, ससुराल पक्ष और अन्य लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करवाया था। …………………………………. यह खबर भी पढ़े… आहोर के पास खेत में मिला युवक का शव:मां बोली-बाइक पर ले गए दे दो युवक, घर नहीं लौटा तो पुलिस के पास पहुंची पाली के लापता युवक का शव जालोर में मिला:दो दिन से गायब था, परिजनों ने जताई हत्या की आशंका, जांच की मांग
