मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा गुरुवार को दिल्ली के दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने केंद्रीय ऊर्जा, आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल, केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल और केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) व शिक्षा राज्य मंत्री जयंत चौधरी से मुलाकात की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने प्रदेश के विकास को नए आयाम देने की दिशा में शहरी विकास, ऊर्जा, जल परियोजनाओं एवं कौशल विकास से जुड़े विषयों पर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने जयपुर मेट्रो के चरण-2 की डीपीआर स्वीकृति को लेकर भी चर्चा की। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने केंद्रीय ऊर्जा, आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल से मुलाकात के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक भी की। बैठक में राजस्थान में भारत के सौर ऊर्जा लक्ष्यों को पूरा करने की अपार संभावनाओं को देखते हुए विद्युत निकासी के सुदृढ़ीकरण को लेकर चर्चा की गई। टावर बेस मुआवजा दर, डीएलसी की 400 प्रतिशत तक
बैठक में बताया गया कि किसानों के हित में टावर बेस मुआवजा दर को डीएलसी दर के 400 प्रतिशत तक बढ़ाया गया है। वहीं कॉरिडोर मुआवजा ग्रामीण क्षेत्रों में 30 प्रतिशत, नगरपालिका क्षेत्रों में 45 प्रतिशत तथा नगर निगम क्षेत्रों में 60 प्रतिशत निर्धारित किया गया है। बैठक में यह भी बताया गया कि एटी एंड सी नुकसान में लगातार कमी आ रही है। ऐसे में जयपुर एवं अजमेर डिस्कॉम अब 15 प्रतिशत के स्तर से नीचे आ चुके हैं। साथ ही आरडीएसएस योजना के क्रियान्वयन की गति में सुधार किया गया है। मुख्यमंत्री की केंद्रीय जल शक्ति मंत्री से मुलाकात
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल से मुलाकात के दौरान प्रदेश में जल आपूर्ति, जल संचयन सहित जल परियोजनाओं पर बातचीत की। दोनों के बीच फिरोजपुर फीडर रिलाइनिंग एवं रामजल सेतु लिंक परियोजना की प्रगति को लेकर सार्थक चर्चा हुई। इस दौरान प्रदेश में चल रहे कर्मभूमि से मातृभूमि अभियान की सफलता की सराहना की गई। इसके बाद मुख्यमंत्री ने केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) व शिक्षा राज्य मंत्री जयंत चौधरी से भी मुलाकात की। इस दौरान दोनों के बीच केंद्र सरकार के सहयोग से राजस्थान को स्किल डवलपमेंट हब बनाने से जुड़े रोडमैप पर चर्चा की गई। अपने क्षेत्र से जुड़ी समस्या को दैनिक भास्कर एप के सिविक इश्यू में पोस्ट करने के लिए क्लिक करें।
