भास्कर न्यूज | जालंधर पावन स्थान डेरा निर्मल संतपुरा लायलपुरी, नकोदर रोड में संक्रांति का पर्व संत बाबा रणजीत सिंह जी की अगुवाई में मनाया गया। संत जसविंदर सिंह बशीरपुरा और मनजीत सिंह खालसा ने बताया कि इस अवसर पर श्री अखंड पाठ साहिब जी के भोग उपरांत विशेष दीवान सजाए गए। दीवान में पंथ प्रसिद्ध रागी भाई रणधीर सिंह संभल, भाई करनैल सिंह, भाई तेजिंदर सिंह पारस, बीबी भुपिंदर कौर, भाई अजीत सिंह सहित अन्य रागी जत्थों ने गुरबाणी कीर्तन द्वारा संगत को निहाल किया। संत बाबा रणजीत सिंह जी ने पोह महीने की कथा संगत को श्रवण करवाई और सभी को श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के चरणों से जुड़ने की प्रेरणा दी। इस दौरान सिख विद्वान भाई रणधीर सिंह संभल द्वारा लिखित पुस्तक “निर्मल पंथ के अनमोल हीरे” का स्वामी संत शांता नंद गोपाल नगर वाले, संत बाबा भगवान सिंह हरखोवालिए, बेअंत सिंह सरहदी, ज्ञानी तरसेम सिंह आदि ने विमोचन किया। महा मंडलेश्वर स्वामी संत शांता नंद गोपाल नगर वालों ने लायलपुरी महापुरुषों के परोपकारी जीवन पर प्रकाश डालते हुए इस प्रकाशन कार्य के लिए संत बाबा रणजीत सिंह जी और भाई रणधीर सिंह संभल को बधाई दी। दीवान में बेअंत सिंह सरहदी, अवतार सिंह, हरजिंदर सिंह, बंसी लाल, गुरचरण सिंह, दलजीत सिंह मौजूद थे।
