जालंधर के बस स्टैंड के पास एक परिवार ने ट्रैवल एजेंट पर धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए सड़क जाम कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने बस स्टैंड के पास स्थित जुझार ओवरसीज नामक ट्रैवल एजेंसी पर बेटी को यूके भेजने के नाम पर 6.50 लाख रुपए ठगने का आरोप लगाया। सड़क जाम होने के कारण लंबा ट्रैफिक जाम लग गया, जिससे राहगीरों को परेशानी हुई। शिकायतकर्ता जसप्रीत ने बताया कि जुझार इमिग्रेशन ने उनकी बेटी को यूके भेजने के लिए 9 लाख रुपए मांगे थे। परिवार ने इस दौरान 6.50 लाख रुपए का भुगतान कर दिया था। एक साल बीत जाने के बाद भी न तो उनकी बेटी को विदेश भेजा गया और न ही पैसे वापस किए गए। पीड़ित मां ने जानकारी दी कि यूके जाने के लिए 6.50 लाख रुपए इमिग्रेशन कर्मियों को एक साल पहले दिए गए थे। यह भुगतान कुछ बैंक के माध्यम से और कुछ चेक के जरिए किया गया था। आरोपी बोला- पुलिस को जेब में डालकर रहता हूं परिवार का आरोप है कि अब इमिग्रेशन कर्मी बेटी के वीजा का रिफ्यूजल आने की बात कह रहे हैं, लेकिन उनके पैसे भी वापस नहीं कर रहे हैं। इसी बात से नाराज होकर परिवार ने सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया। परिवार ने कहा कि वह एक साल से कई बार चक्कर काट चुके है, लेकिन आज तक मालिक उन्हें नहीं मिला। परिवार का कहना है कि रमनदीप नामक व्यक्ति के खाते में पैसे ट्रांसफर किए गए थे। आरोप है कि जब वह पैसे लेने के लिए पहुंचे तो आरोपियों ने कहा कि मैं मक्कड़ हूं और पुलिस को जेब में डालकर रहता हूं। पुलिस ने खुलवाया जाम थाना प्रभारी अजैब सिंह और थाना बस स्टैंड चौकी इंचार्ज मौके पर पहुंचे है। हालांकि पुलिस द्वारा रोड को खुलवा दिया गया है और मामले की जांच की जा रही है। पुलिस द्वारा इमिग्रेशन स्टाफ से मामले को लेकर बात की जा रही है। दूसरी ओर पीड़ित परिवार के साथ आए लोगों का कहना है कि बच्ची के पिता का पहले ही देहांत हो चुका है। ऐसे में उसकी मां एक साल से पैसे वापस लेने के लिए चक्कर काट रही है। परिजनों का कहना है कि आज वह इमिग्रेशन संचालक से अपने पैसे वापस लेकर ही जाएंगे। अगर उनकी समस्या का हल नहीं हुआ तो वह दोबारा से प्रदर्शन करेंगे।
