जालंधर में बाइक रोकने और चालान काटने को लेकर हंगामा हो गया। शक होने पर बाइक वाले युवकों ने वीडियो बनानी शुरू कर दी। नाका लगाकर खड़े वर्दी और बिना वर्दी वाले युवकों से पूछताछ की तो पता चला कि ये नाका ही नकली है। लोगों की भीड़ बढ़ने और वीडियो बनता देख पुलिस कर्मी और उसके साथ आए 2 युवक मौके से भाग निकले।
ये हंगामा देर रात पिम्स मेडिकल कॉलेज के सामने बनी मार्केट के पास हुआ। दरअसल, दो युवक बाइक से घर लौट रहे थे। पिम्स मेडिकल कॉलेज के सामने से गुजरते वक्त वर्दीधारी और सिविल ड्रेस वाले 3 युवकों ने बाइक रोक ली। बाइक को साइड लगवाकर चाबी निकाली और चालान कटवाने को कहा। इस बीच एक युवक ने पुलिस वर्दी पहने युवक को पहचान लिया और कहा कि मैंने तो तुम्हें कहीं देखा है और तुम शिवसेना नेता के गनमैन हो। इससे हंगामा हो गया। पढ़ें नकली नाके पर हंगामे की पूरी कहानी आरोप-धमकाकर मामला रफा-दफा करने का बनाया दबाव
आकाशदीप ने आरोप लगाया कि उसकी बाइक को रोकने के बाद नंबर प्लेट न होने का मोटा चालान करने के लिए उसे धमकाया गया। इसके बाद वर्दीधारी युवक के साथ खड़े 2 अन्य युवकों ने पैसा देकर मौके पर मामला रफा-दफा करने के लिए कहा। आकाशदीप का आरोप है कि एक पुलिस मुलाजिम, जो कथित तौर पर शिवसेना नेता का गनमैन था, ने दो अन्य युवकों के साथ सिविल कपड़ों में नाका लगाकर वसूली करने की कोशिश की। पहले थाना-7, फिर 6 और बाद में स्पेशल स्टाफ का बताया
अर्बन स्टेट निवासी आकाशदीप सिंह ने बताया कि शक होने पर जब वर्दीधारी युवक से पूछा कि तुम किस थाने के मुलाजिम हो तो उसने पहले कहा कि उसकी ड्यूटी थाना डिवीजन-7 में है। इसके बाद जब थाना-7 में फोन लगाने की बात कही तो कहने लगा कि वह थान-6 में है। इसके बाद उसे कहा कि ये एरिया तो थाना-6 का है ही नहीं तो कहने लगा कि अब वह स्पेशन स्टाफ में है।
थाना-7 गए तो युवक वहां का मुलाजिम नहीं निकला
आकाशदीप ने बताया कि हंगामे और वीडियो बनते देख पुलिस कर्मी अपने दोनों साथियों के साथ बिना चालान किए मौके से चला गया। बाद में वह अपने दोस्तों के साथ थाना नंबर-7 पहुंचे। यहां पर वर्दीधारी युवक की ड्यूटी और पुलिस मुलाजिम होने के बारे में पूछा तो पता चला कि चालान काटने के लिए खड़ा वर्दीधारी युवक उनके थाने का मुलाजिम नहीं है। आकाशदीप ने बताया कि वे इस संबंध में सुबह विभिन्न संस्थाओं के साथ पुलिस कमिश्नर से मिलेंगे और उनको लिखित शिकायत देंगे।
