जयपुर शहर में बुनियादी सुविधाओं की अनदेखी लगातार आमजन की मुश्किलें बढ़ा रही है। कहीं टूटे फेरोकवर हादसे को दावत दे रहे हैं, तो कहीं खुले बिजली के पोल और ट्रांसफॉर्मर के पास फैला कचरा जानलेवा साबित हो सकता है। वहीं कई इलाकों में टूटी सड़कें और भरे हुए नाले लोगों के रोजमर्रा के जीवन को प्रभावित कर रहे हैं। दैनिक भास्कर के सिविक इश्यू सेगमेंट में सामने आई ये शिकायतें प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं। ऐसी ही आमजन की रोजमर्रा की परेशानियों और शहर की जमीनी हकीकत को पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर के सिविक इश्यू सेगमेंट पर क्लिक करें। वार्ड नंबर 5 के गंगा विहार क्षेत्र स्थित उद्योग विहार कॉलोनी से रोहित मिश्रा ने शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि कॉलोनी में कई फेरोकवर टूटे पड़े हैं, जिससे राहगीरों के गिरने का खतरा बना रहता है। इसके साथ ही इलाके के नाले भरे हुए हैं, जिनसे लगातार बदबू आती है और आसपास रहना मुश्किल हो गया है। वार्ड नंबर 51 के जगत विहार और जगतपुरा क्षेत्र में सरकारी पानी की लाइन टूटने से परेशानी बढ़ गई है। स्थानीय लोगों के अनुसार पानी घरों तक पहुंचने की बजाय सड़कों पर बह रहा है। इस समस्या को लेकर कई बार शिकायत और अधिकारियों से संपर्क किया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं हो पाया है। वार्ड नंबर 37 के पानीपेच बस स्टैंड क्षेत्र से सतीश शर्मा ने बताया कि बनी पार्क स्थित PHED ऑफिस के पीछे सड़क पर बिजली का पोल खुला पड़ा है। खुले तारों के कारण यहां कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। इस रास्ते से रोजाना बड़ी संख्या में लोग गुजरते हैं, जिससे डर का माहौल बना हुआ है। वार्ड नंबर 131 के मालवीय नगर क्षेत्र में उपकार शॉपिंग सेंटर के पीछे ट्रांसफॉर्मर के पास कचरे का ढेर जमा है। स्थानीय निवासी सतीश जनयानी ने बताया कि यहां 15 से 20 दिन में एक बार ही कचरा उठाया जाता है। ट्रांसफॉर्मर के पास कचरा जमा होने से आग और दुर्घटना का खतरा बना रहता है। लोगों ने इस समस्या के स्थायी समाधान की मांग की है। वहीं वार्ड नंबर 56 में सूर्या रेजिडेंसी (गिरधारीपुरा) से गांधी पथ तक मुख्य सड़क पिछले करीब आठ महीनों से टूटी हुई है। सड़क पर काम न होने के कारण यहां बारिश में जलभराव हो जाता है, जिससे आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार शिकायत के बावजूद सड़क निर्माण का काम शुरू नहीं किया गया। जनता ने नगर निगम, जलदाय और विद्युत विभाग से जल्द कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते इन समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता। शहरवासियों को उम्मीद है कि प्रशासन उनकी आवाज सुनेगा और जल्द ही हालात सुधरेंगे। आप भी कर सकते हैं पोस्ट अब लोग अपनी बात सीधे दैनिक भास्कर ऐप पर रख रहे हैं। दैनिक भास्कर ऐप के ‘सिविक इश्यू’ सेक्शन में गली या मोहल्ले की समस्या लिखकर और फोटो लगाकर पोस्ट की जा सकती है। अगर आपने इस सेक्शन में किसी समस्या को लेकर पोस्ट किया और उसका समाधान हो गया है तो आप पोस्ट कर बता सकते हैं कि आपकी समस्या का समाधान हो गया है। यहां क्लिक करें। जयपुर में सिविक इश्यू से जुड़ी ये 10 खबरें भी पढ़िए… 1.जयपुर में तीन साल से नहीं भरे गड्ढे:वार्डों में खुले बिजली पैनल, बच्चों की जान खतरे में, शिकायत के बाद समस्या जस की तस 2.जयपुर में गंदगी और सीवरेज का संकट:जवाहर नगर से प्रताप नगर तक बिगड़े हालात, लोगों का निकलना हुआ मुश्किल 3.जयपुर में टूटे चेंबर, सड़कों पर कचरे से जनता परेशान:बिजली कटौती भी बनी समस्या, दैनिक भास्कर एप के सिविक इश्यू पर आई शिकायतें 4.नगर निगम की अनदेखी से जयपुर शहर बन रहा डंपिंग-यार्ड:शिकायतों के बावजूद नहीं हो रहा समाधान, जनता बोली- मूक दर्शक बना प्रशासन 5.जयपुर में टूटी सड़क,गड्ढों और मनमानी वसूली से लोग परेशान:लोगों की जान पर खतरा बना हुआ, दैनिक भास्कर एप पर आई समस्याएं 6.जयपुर में टूटी सड़क,गड्ढों और मनमानी वसूली से लोग परेशान:लोगों की जान पर खतरा बना हुआ, दैनिक भास्कर एप पर आई समस्याएं 7.जयपुर में सीवर के बदबूदार पानी से लोग परेशान:बीमारियों का खतरा बढ़ रहा; जनता बोली- लंबे समय से समाधान का इंतजार 8.जयपुर में बंदरों और आवारा पशुओं से लोग परेशान:विद्याधर नगर में सीवर लाइन टूटी, वार्डों से लगातार आ रही शिकायतें, समाधान का इंतजार 9.जयपुर में सड़कों पर कीचड़, लोग परेशान:कई वार्डों में सीवर लाइन चोक, जगतपुरा, प्रताप नगर, झोटवाड़ा में शिकायत के बाद भी नहीं सुधरे हालात 10.जयपुर में सीवर लाइन का पानी घरों के आगे भरा:लोगों का पैदल निकलना मुश्किल हुआ, शिकायतों के बावजूद नहीं हो रहा समाधान
