फड़ पेंटिंग के लिए ख्याति अर्जित करने वाले टोंक के चित्रकार महेश गुर्जर ने अंतर्राष्ट्रीय पहचान बनाई है। वीर तेजाजी महाराज की बनाई उनकी फड़ पेंटिंग रूस की इंटरनेशनल पेंटिंग एग्जीबिशन में शो की गई। यह एग्जिबिशन 10 मार्च से 24 मार्च तक 15 दिन तक सेंट पीटर्सबर्ग में आयोजित की गई थी। महेश की इस पेंटिंग को काफी सराहा गया। उन्होंने बताया- यह पेंटिंग मैंने कैनवास पर एक्रेलिक रंगों से बनाई थी। तेजाजी महाराज को सफेद घोड़े पर बैठे दिखाया था। साथ ही नाग भी बनाया था। इस तरह के मांढने राजस्थान के कई जिलों में घर-घर में बनाए जाते हैं। पहले देखें महेश की पेंटिंग.. सर्टिकिकेट मिला, बोले-पिता से मिली प्रेणा चित्रकला प्रदर्शनी का आयोजन सेंट पीटर्सबर्ग स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ इंडस्ट्रियल टेक्नोलॉजीज एंड डिजाइन, इंस्टीट्यूट ऑफ डिजाइन एंड फाइन आर्ट्स, डिपार्टमेंट ऑफ मॉन्यूमेंटल आर्ट की ओर से किया गया था। इसमें चित्र प्रदर्शित करने के कारण महेश गुर्जर को सम्मान स्वरूप अंतरराष्ट्रीय प्रतिभागी प्रणाम-पत्र दिया गया है। पेंटिंग के जरिए महेश ने टोंक के कल्चर को दुनिया में पहुंचाया है। रूस में उनकी पेंटिंग की प्रदर्शनी से जिले के लोक कलाकारों को प्रेरणा मिल रही है। महेश ने बताया- यह चित्र बनाने की प्रेरणा मुझे मेरे स्वर्गीय पिता नाथूलाल गुर्जर से मिली थी। वे एक प्रसिद्ध चित्रकार और समाजसेवी थे। आगे भी मैं इस तरह की बेहतरीन पेंटिंग बनाकर देश का नाम रोशन करूंगा।
