सिख धर्म के प्रथम गुरु गुरुनानक देव जी की 556वीं जयंती बुधवार को मनाई गई। उदयपुर शहर के सभी प्रमुख गुरुद्वारों में रोशनी, फूलों और विशेष लाइटिंग से सजावट की गई। सुबह से ही कीर्तन, अरदास और लंगर परसादी कार्यक्रम चलते रहे। कुम्हारों का भट्टा, शास्त्रीसर्कल, प्रतापनगर और सेक्टर 14 गुरुद्वारा में कार्यक्रम हुए गुरु नानक देव के प्रकाश पर्व आज हिरणमगरी सेक्टर 14 में गुरुद्वारा दुख निवारण गुरूनानक दरबार में श्रद्धा और धूमधाम से मनाया गया। समूह संगत की तरफ से श्री अखंड पाठ साहिब एवं जपजी साहिब जी के पाठ रखे गए थे जिनकी समाप्ति आज सुबह हुई। इसके बाद कीर्तन दरबार सजें जिसमे ज्ञानी जसविंदर सिंह के जत्थे ने अपने रूहानी शब्द कीर्तन द्वारा संगत को निहाल किया। अरदास उपरांत 1:30 बजे गुरु के लंगर हुआ जिसमें करीब 3000 लोगो को लंगर छकाया गया। गुरुद्वारा साहिब दुखनिवारण गुरू नानक दरबार के अध्यक्ष बलविंदर सिंह मथारू ने बताया कि पिछले दिनों पंजाब बाढ़ पीड़ित लोगों की मदद करने के लिए डॉ देवेंद्र सरीन, डॉ मधु सरीन सहित कई सामाजिक क्लब के पदाधिकारियों का सम्मान किया गया।
