दिल्ली विधानसभा में आम आदमी पार्टी (AAP) की विधायक व पूर्व CM आतिशी मार्लेना के बयान पर पंजाब और दिल्ली की राजनीति में घमासान अभी थमा नहीं है। दिल्ली भाजपा ने आतिशी गुमशुदा के पोस्टर लगा दिए हैं। वहीं जालंधर में जिस इकवाल सिंह के नाम पर FIR हुई है,वह भी खुलकर इस मामले सामने नहीं आए हैं।
आतिशी के गुरुओं के अपमान के आरोप मामले में शिकायत करने वाले आईएस बग्गा (इकवाल सिंह) जालंधर की मिट्ठू बस्ती के रहने वाले हैं। भास्कर टीम ने जब मिट्ठू बस्ती का दौरा किया तो पता चला कि यहां घरों के बाहर नंबर प्लेट ही नहीं लगी हैं जबकि पुलिस ने हाउस नंबर 180 लिखा है। काफी ढूंढने के बाद भी शिकायतकर्ता का घर नहीं मिला।
जब बग्गा को फोन किया तो उन्होंने कहा वह घर से बाहर हैं। चंडीगढ़ आए हैं और लौट रहे हैं। बग्गा ने कहा कि मैं कहीं भी भागा नहीं हूं। मुझ पर आप वर्कर होने के नाते जानबूझकर FIR दर्ज करवाने के जो आरोप लगाए जा रहें वो झूठे हैं। मैंने तो वीडियो जांच की एप्लिकेशन दी थी। मामला ज्यादा बड़ा हो गया तो मेरा नाम उछल गया। बता दें कि बस्ती बावा खेल पुलिस ने 7 जनवरी को रात के 11 बजकर 20 मिनट पर FIR दर्ज की थी। दिल्ली भाजपा ने जारी किए आतिशी गुमशुदा के पोस्टर
सिख गुरुओं पर टिप्पणी के मामले को लेकर दिल्ली भाजपा ने आतिशी के गुमशुदगी के पोस्टर लगवा दिए हैं। दिल्ली भाजपा के मंत्री कपिल मिश्रा ने वीडियो जारी कर कहा-आतिशी तुम विधानसभा में क्यों नहीं आ रही। कहां चली गई हो। तुम्हें विधानसभा में आकर इस मामले में स्पष्टीकरण देना चाहिए। विधानसभा के सदस्य तुम्हारे जवाब का इंतजार कर रहे हैं। भागने से पहले शायद तुम्हें ये जानकारी न हो कि आज तक भागने से कोई कानून या कार्रवाई से नहीं बच पाया है। सुनील जाखड़ ने कहा-इतनी तेज कार्रवाई कभी नहीं देखी
पंजाब भाजपा के प्रधान सुनील जाखड़ ने आतिशी के सिख गुरुओं पर टिप्पणी मामले में कहा कि आम आदमी पार्टी के राज में कई ऐसे वीडियो और मामले हैं जिनकी फोरेंसिक जांच सालों से नहीं हो पाई। आतिशी के दिल्ली में बने वीडियो की पंजाब के मोहाली की फोरेंसिक लैब में एक दिन में ही जांच पूरी हो गई। इतनी तेज जांच तो कभी नहीं देखी। ये जांच तेज इसलिए भी हुई क्योंकि FIR जो दर्ज करनी थी। कैंट MLA परगट बोले-टारगेट FIR दर्ज की गई
आतिशी के वीडियो मामले में हुई FIR में जालंधर कैंट से कांग्रेस विधायक परगट सिंह का भी नाम है। इस मामले को लेकर दैनिक भास्कर से बातचीत में परगट सिंह ने कहा कि ये राजनीति से प्रेरित FIR है। ऐसे कितनी भी एफआईआर दर्ज कर लें, इससे क्या होने वाला। मैंने तो जालंधर पुलिस को भी कहा है कि एफआईआर तो आपने दर्ज कर ली, अब आप जब बुलाओगे मैं आने के लिए भी तैयार हूं। परगट सिंह ने कहा कि आईएस बग्गा की शिकायत पर ये FIR दर्ज की गई है और बग्गा आप के ही कार्यकर्ता हैं। ये एफआईआर करने के लिए उनसे शिकायत दिलवाई गई है। दिल्ली का मामला है। जालंधर में एफआईआर हो रही है। इसका कोई तुक नहीं है। अगर मुझे पर या अन्य पर वीडियो शेयर करने का पर्चा दर्ज किया गया है तो फिर तो ये इस हिसाब से पूरी दिल्ली विधानसभा पर बनता है, क्योंकि वीडियो तो मूल रूप से हाउस की है। अब जानें FIR में पुलिस ने क्या लिखा- क्लिप को जानबूझकर एडिट किया गया
शिकायतकर्ता इकबाल सिंह ने आरोप लगाया है कि 7 जनवरी 2026 को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक वीडियो क्लिप प्रसारित की गई । इस वीडियो में कथित तौर पर आतिशी को सिख गुरुओं और सिख समुदाय के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करते हुए दिखाया गया था। आतिशी ने बाद में खुद उसी भाषण का असली और पूरा वीडियो अपलोड किया, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि वायरल क्लिप को जानबूझकर एडिट और डॉक्टर्ड किया गया था ताकि उनके बयानों का अर्थ बदला जा सके ।
वीडियो शेयर करने वालों के खिलाफ जांच की मांग
शिकायतकर्ता आईएस बग्गा उर्फ इकवाल सिंह ने इस वीडियो की जांच करवाने, इसे शेयर करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इसमें दिल्ली के कानून मंत्री कपिल मिश्रा, कांग्रेस के जालंधर कैंट विधायक परगट सिंह, सुखपाल सिंह खैहरा, सुखबीर बादल के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई। पुलिस ने मोहाली की फारेंसिक लैब से वीडियो जांच के बाद भारतीय न्याय संहिता (BNS) और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम की धारा 196(1) धर्म के आधार पर विभिन्न समूहों के बीच शत्रुता को बढ़ावा देना । धारा 353(1)(b) और 353(2) सार्वजनिक शांति भंग करने के इरादे से झूठी जानकारी या अफवाह फैलाना , धारा 66(C) आईटी एक्ट के तहत कंप्यूटर संसाधनों का उपयोग करके पहचान की चोरी या धोखाधड़ी करने के मामले में केस दर्ज किया। इस केस का आईओ बस्ती बावा खेल के परमिंदर सिंह को बनाया गया है। शिकायतकर्ता बग्गा बोले-मेरा नाम उछल गया, मैंने तो शिकायत दी थी
शिकायतकर्ता आईएस बग्गा (इकवाल सिंह) घर पर नहीं मिले। मगर जब उनको फोन किया गया तो उन्होंने बताया कि वह चंडीगढ़ में और लौट रहे हैं। FIR को लेकर बग्गा ने कहा कि वह सभी धर्मों का सम्मान करते हैं। उन पर आप वर्कर होने के नाते जानबूझकर FIR दर्ज करवाने के आरोप गलत हैं। उन्होंने इससे पहले जालंधर में नहर से स्वरूप मिलने के मामले में भी सबसे पहले शिकायत की की थी। तब भी उनकी शिकायत पर केस दर्ज हुआ था। इस बार भी उन्होंने शिकायत ही थी कि इस वीडियो की जांच की जाए। बाद में ये मामला ज्यादा उछल गया। जल्दी कार्रवाई हो गई और मेरा नाम भी इसमें आ गया। अन्यथा उन्होंने राजनीति से प्रेरित होकर, सोच समझकर या जानबूझकर किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करवाई।
इन्फोग्राफिक्स में पढ़ें इस मामले में कौन क्या कह चुका