राजस्थान में भाजपा सरकार बने दो साल हो गए हैं। सरकार की दूसरी वर्षगांठ पर कई आयोजन होंगे। इस महीने के अंत में रोजगार मेला भी प्रस्तावित है। यह मेला बेरोजगारों के लिए बड़ी राहत लेकर आएगा। इस मेले में 18 हजार से अधिक पदों पर नियुक्ति की तैयारी है। कौशल रोजगार एवं उद्यमिता विभाग को नोडल विभाग बनाया गया है। जल्दी ही इसके आयोजन की तिथि भी घोषित होगी। अभ्यर्थियों को उम्मीद है कि बधाई पत्र मिलने के बाद उन्हें जल्दी से जल्दी नियुक्ति भी मिलेगी। रोजगार मेले में सबसे अधिक पद चिकित्सा विभाग की अलग अलग भर्तियों के है। चिकित्सा विभाग में 8000 से अधिक पदों पर नियुक्ति हो सकती है। इसी तरह से पटवारी के 3200 पद, जेटीए व लेखा सहायक के 2600 पद, लाइब्रेरियन के 600 पद, पशुधन निरीक्षक के 2590 पदों पर चयनितों को बधाई पत्र दिए जाएंगे। इसी तरह से पहले से चल रही भर्तियों में खाली पदों को भी भरा जाएगी। इसमें फार्मासिस्ट भर्ती के खाली पड़े 18 पद, पशु परिचर भर्ती के 281 पद, शिक्षक भर्ती लेवल वन व टू के 338, वरिष्ठ अध्यापक भर्ती के 167 पद सहित करीब एक हजार अन्य कई भर्तियों के और पद शामिल होने की संभावना हैं। राजस्थान बेरोजगार यूनियन के अध्यक्ष हनुमान किसान का कहना है कि रोजगार मेले में इतनी बड़ी संख्या में भर्तियों के शामिल होने से युवाओं में खुशी है। लेकिन मेले के बाद इनको जल्दी से जल्दी नियुक्ति दी जानी चाहिए। कनिष्ठ अनुदेशक भर्ती के चयनित नियुक्ति को तरसे कनिष्ठ अनुदेशक भर्ती-2024 को सितंबर में हुए रोजगार मेले में शामिल किया गया था। इस मेले में डेढ़ हजार से अधिक चयनितों को बधाई पत्र बांटे गए थे। तब उनको उम्मीद बंधी थी कि उन्हें जल्दी से जल्दी नियुक्ति मिल जाएगी। लेकिन अब तक चयनित नियुक्ति को तरस रहे हैं। पोस्टिंग में हो रही देरी से इस भर्ती के अभ्यर्थी मानसिक तनाव में है और आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। अभ्यर्थियों ने कहा कि सरकार को उनकी मांग पर ध्यान देना चाहिए और जल्दी से जल्दी उनकी नियुक्ति के आदेश जारी करने चाहिए। FSO अब तक एक बार भी रोजगार मेले में शामिल नहीं
दो खाद्य सुरक्षा अधिकारी भर्तियों में 296 पदों पर नियुक्ति होनी है। लेकिन एक बार भी इनको रोजगार मेले में शामिल नहीं किया गया। दोनों एफएसओ भर्तियों का अंतिम परिणाम जारी हो चुका है। कोर्ट से भी पिछले दिनों इनकी नियुक्ति का रास्ता साफ हो गया था। इसके बावजूद अब तक इसको रोजगार मेले में शामिल नहीं किया जा रहा। इस भर्ती के चयनितों का कहना है कि विभाग के अधिकारी ही इस भर्ती में नियुक्ति को अटका रहे हैं।
