पंजाब की कपूरथला पुलिस ने जाली दस्तावेजों के आधार पर कोर्ट से आरोपियों की जमानत करवाने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस मामले में कपूरथला के तीन वकीलों के मुंशियों को नामजद किया गया है, जो फर्जी जमानत करवाने में सक्रिय थे। गिरोह के दो मुख्य आरोपियों को कोर्ट ने पहले ही जेल भेज दिया है। डीएसपी सब-डिवीजन शीतल सिंह ने बताया कि दोनों मुख्य आरोपियों से पूछताछ के बाद तीन मुंशियों को नामजद किया गया है। इनकी पहचान नवा पिंड भट्ठे निवासी सोनू, लाटियांवाल निवासी सुक्खा सिंह और मोठावाल निवासी संदीप सिंह के रूप में हुई है। डेटा रिकवर के लिए मोबाइल फोन लैब भेजे गिरफ्तार किए गए आरोपियों के मोबाइल से डिलीट किए गए डेटा को रिकवर करने के लिए फोरेंसिक लैब भेजा गया है। डीएसपी शीतल सिंह ने बताया कि इसके बाद कई और सफेदपोश लोगों के नाम सामने आने की संभावना है। कपूरथला के वकीलों से जुड़े नामजद मुंशियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। बता दें कि कपूरथला पुलिस ने कुछ दिन पहले इस गिरोह के दो सदस्यों, गुरप्रीत सिंह और विक्टर मसीह निवासी अमृतसर को गिरफ्तार किया था। ये आरोपी जेल में बंद विभिन्न मामलों के अभियुक्तों की जाली दस्तावेजों के आधार पर कोर्ट से जमानत करवाते थे। उनके खिलाफ थाना सदर में एफआईआर दर्ज कर पूछताछ शुरू की गई थी। पंजाब के कई जिलों में सक्रिय है नेटवर्क पुलिस पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ है कि इस गिरोह का नेटवर्क पंजाब के अमृतसर, तरनतारन, कपूरथला, जालंधर और गुरदासपुर सहित कई जिलों में सक्रिय है। आरोपियों के पास से एक कार, विभिन्न नामों के जाली आधार कार्ड और आईडी कार्ड, नंबरदार व पंचायत सदस्यों की जाली मोहरें, गांव कोटली और बलरामपुर फगवाड़ा की जमीनों की 4 फर्द, 4 मोबाइल फोन, 11 कोर्ट फीस टिकट, विभिन्न व्यक्तियों और आरोपियों की 8 पासपोर्ट साइज फोटो तथा 2 आरसी कार्ड बरामद हुए हैं। डीएसपी शीतल सिंह ने बताया कि गिरोह के सदस्यों ने अब तक 50 से अधिक हवालातियों की जमानत जाली दस्तावेजों के आधार पर करवाई है।
