भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष, राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष एवं अजमेर संभाग चुनाव प्रभारी अरुण चतुर्वेदी ने कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा द्वारा आरएसएस और भाजपा पर किए जा रहे राजनीतिक हमलों पर पलटवार किया। टोंक दौरे पर आए चतुर्वेदी ने कहा कि डोटासरा का इसमें कोई दोष नहीं है। आजादी के समय से ही कांग्रेस आरएसएस पर हमले करती रही है। संघ पर दो बार प्रतिबंध लगाया गया और तीसरी बार आंशिक प्रतिबंध लगाया गया, लेकिन हर हमले के बाद राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और विचार परिवार के सभी संगठन और अधिक मजबूती और ताकत के साथ सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि संघ राष्ट्रवाद की भावना के साथ काम करता है और भाजपा को इसकी कोई चिंता नहीं है। चतुर्वेदी ने कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा पर निशाना साधते हुए कहा कि वे पहले अपने घर को संभालें। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के ही एक विधायक उपमुख्यमंत्री रह चुके हैं, जिन्हें पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सार्वजनिक रूप से ‘निकम्मा’ और ‘नकारा’ तक कहा था। उन्होंने कहा कि एक तरफ कांग्रेस के नेता अपने ही नेताओं को नकारा और निकम्मा बताते हैं, वहीं पेपर लीक के मामले में सचिन पायलट कांग्रेस सरकार के खिलाफ पदयात्रा पर निकले थे, लेकिन उस समय भी कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कहा कि आज भी कांग्रेस नेताओं के बीच अंतर्द्वंद्व और मतभेद सार्वजनिक रूप से सामने आ रहे हैं। कांग्रेस को इन मामलों को संभालना चाहिए। भाजपा की ओर से उन्हें शुभकामनाएं हैं। पंचायत राज और निकाय चुनाव में भाजपा की जीत का दावा
आगामी पंचायत राज एवं नगर निकाय चुनावों को लेकर अरुण चतुर्वेदी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी इन चुनावों में भी जीत हासिल करेगी। उन्होंने कहा कि यदि पार्टी के कोई कार्यकर्ता या पदाधिकारी नाराज हैं तो उनसे संवाद कर उन्हें मना लिया जाएगा। संगठन सभी को साथ लेकर चुनाव मैदान में उतरेगा और कार्यकर्ताओं की मेहनत के दम पर भाजपा मजबूत प्रदर्शन करेगी। झारखंड में पेपर लीक के मुद्दे को लेकर हो रहे विरोध प्रदर्शन पर चतुर्वेदी ने कहा कि आंदोलन अलग-थलग पड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी भी इसमें शामिल नहीं हुए और इससे कांग्रेस का दोहरा चरित्र सामने आता है। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकारों ने नीट पेपर लीक मामले में कड़ी कार्रवाई की और जांच भी कराई। नीट पेपर लीक के विरोध में हुए आंदोलनों के बाद भाजपा शासित राज्यों में आंदोलनकारियों के खिलाफ दर्ज मामलों को वापस लेने की कार्रवाई भी की गई है। टोंक में सचिन पायलट की चुनौती को लेकर पूछे गए सवाल पर अरुण चतुर्वेदी ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं की मेहनत और संगठन की मजबूती के आधार पर पार्टी आगामी चुनावों में जीत हासिल करेगी। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता पूरी ताकत के साथ चुनाव की तैयारियों में जुटे हुए हैं। निकाय चुनाव की तैयारियों को लेकर भाजपा की बैठक
इससे पहले अरुण चतुर्वेदी ने भारतीय जनता पार्टी कार्यालय टोंक में जिलाध्यक्ष चंद्रवीर सिंह चौहान की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में हिस्सा लिया। बैठक में आगामी नगर निकाय चुनावों की तैयारियों को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। इस दौरान संगठन को और अधिक मजबूत करने, बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने तथा आगामी चुनावी रणनीति को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में वार्डवार संगठनात्मक स्थिति, स्थानीय स्तर पर जनसंपर्क अभियान, मतदाताओं से संवाद तथा केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को आमजन तक पहुंचाने सहित विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई। कार्यकर्ताओं से आपसी समन्वय के साथ पूरी मजबूती से चुनावी तैयारियों में जुटने का आह्वान किया गया। ये रहे मौजूद
बैठक में जिला सह प्रभारी रामानंद गुर्जर, देवली-उनियारा विधायक राजेंद्र गुर्जर, निवाई विधायक रामसहाय वर्मा, पूर्व सांसद सुखबीर सिंह जौनपुरिया, पूर्व जिलाध्यक्ष राजेंद्र पराणा, सतीश चंदेल, गणेश माहुर, सत्यनारायण चौधरी, विजय बैंसला, पूर्व सभापति लक्ष्मी जैन, जिला महामंत्री विष्णु शर्मा, प्रभु बाड़ोलिया, संत कुमार जैन, जिला उपाध्यक्ष शैलेंद्र चौधरी, रामचंद्र गुर्जर, राजेश शर्मा, बबलू टैंकर, प्रधान काबरा, राजेंद्र राणावत, ममता जाट की मौजूदगी रही। जबकि जिला मंत्री शीला मीणा, बीना छामुनिया, रामकिशन गुर्जर, नीलिमा आमेरा, शकुंतला वर्मा, राधेश्याम चांवला, प्रवक्ता रामावतार धाभाई, रत्तीराम पहाड़िया, दशरथ राजावत, विजय मालवानी, शिवसिंह मीणा, कमलेश यादव, राजेश मंगल, लोकेश गुप्ता, गणेश सैनी, शंभू शर्मा, एससी मोर्चा अध्यक्ष मनीष सिसोदिया, एसटी मोर्चा अध्यक्ष मुकलेश मीणा, बलवंत मराठा, आरव सिसोदिया, गणेश शर्मा, मंडल अध्यक्ष नंदलाल छान, अंजलि गुप्ता, चरण सिंह चौधरी, नरेंद्र चोपड़ा, पंकज पहाड़िया सहित भाजपा के अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।